विवेकानंद अवार्ड से सम्मानित किये गये मास्टर उज्जवल

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पटना। अत्तुनिया फाउंडेशन के तत्वावधान में गांधी मैदान स्थित श्रीकृष्ण विज्ञान केंद्र में स्वामी विवेकानंद जी की 157वीं जयंती के उपलक्ष्य में विवेकानंद लीडरशिप कांफ्रेंस सह अवार्ड -2020 कार्यक्रम का आयोजन किया गया ।
इस अवसर पर रेड रती के डायरेक्टर और जाने माने कोरियोग्राफर को इवेंट और फैशन के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान को देखते हुये उन्हें विवेकानंद अवार्ड से अंलकृत किया गया।बिहार की राजधानी पटना में जन्में उज्जवल कुमार के पिता श्री राजेन्द्र प्रसाद और मां श्रीमती आरती देवी बेटे को उच्चअधिकारी के तौर पर देखना चाहते थे।
बचपन के दिनो से ही उज्जवल की रूचि डांस की तरफ थी और प्रभुदेवा से प्रभावित होने की वजह से
वह डांसर-कोरियोग्राफर के तौर पर अपनी पहचान बनाना चाहते थे। उज्जवल स्कूल में होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों में परफार्म किया करते जिसके लिये उन्हें काफी सराहना मिला करती थी।
वर्ष 1997 में उज्जवल कुमार ने स्वर्गीय अविनाश कुमार और संजय सावन से घर डांस सीखा। इसके बाद बतौर डांसर उज्जवल ने राजधानी पटना समेत कई शहरो में होने वाले कार्यक्रमों में शिरकत की जिसके लिये उन्हें काफी सराहना मिली। वर्ष 2000 आते आते उज्जवल ने डासं के क्षेत्र में अपनी पहचान बना ली।
उज्जवल कुमार को भोजपुरी फिल्म अलबम में बतौर डांसर काम करने के अवसर मिलने लगे। उज्जवल ने एक के बाद करीब 25 अलबमों में बतौर डांसर काम किया।
वर्ष 2005 में उज्जवल कुमार ने अपने मित्र अमन कश्यप के सथ मिलकर यूए डांस एकेडमी की स्थापना की।उज्जवल कुमार ने हाल ही में यूए डांस अकादमी का तीसरा सिपारा मुहल्ला में खोला है। उन्होंने बताया कि गरीब परिवार के बच्चे जिनमें टैलेंट तो है लेकिन पैसे नही होने की वजह से डांस
नही सीख पाते है उन्हें मुफ्त में ट्रेनिंग दी जायेगी। उज्जवल ने बताया कि वह अपने डांस इंस्टीच्यूट से 300 से अधिक बच्चों को मुफ्त ट्रेनिंग दे चुके हैं।
वर्ष 2006 से उज्जवल कुमार ने भोजपुरी अलबम की कोरियोग्राफी भी शुरू कर दी जिससे उनकी अलग पहचान बनायी। इस बीच उज्जवल ने अपनी पढ़ाई जारी रखी। वर्ष 2011 में उज्जवल ने बीबीए की पढ़ाई पूरी की।
इसके बाद उज्जवल ने इवेंट के क्षेत्र में कदम रख दिया। उज्जवल ने संजीव रंजन के साथ मिलकर रेड रत्ती कंपनी की स्थापना की और मिस्टर एंड मिस हरियाणा ,मिस्टर एंड मिस पटना सीजन 01-05 समेत कई शो का सफल संचालन किया। उज्जवल की फैशन और मॉडलिंग के प्रति समझ को देखते हुये उन्हें कई शो में शो स्टॉपर और जज बनने का अवसर मिला है।
उज्जवल आज डासिंग और इवेंट के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाने में कामयाब हुये हैं। वह अपनी सफलता
का श्रेय अपने माता-पिता के साथ ही अपने बड़े भाई दीपक कुमार को भी देते है जिन्हें हर कदम उन्हें सपोर्ट किया है।
उज्जवल ने बताया कि शुरूआती दौर में घर वाले उनके डासर बनने के खिलाफ थे। ऐसे में उनके बड़े भाई दीपक
कुमार ने उन्हें काफी सपोर्ट किया , इतना ही नही वह अपनी पॉकेट मनी भी उन्हें दे दिया करते थे। वह आज जो कुछ हैं उनमें उनके भाई का गहरा योगदान है।

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